|
|
|
|
|
|---|---|---|---|
| 13401 | कला | ना. | ४. तेज; प्रभाव। |
| 13402 | कला | ना. | ५. शोभा। |
| 13403 | कला | ना. | ६. इन्द्रजाली वा चटकीको काम। |
| 13404 | कला | ना. | ७. खेलबाड। |
| 13405 | कला | ना. | ८. चन्द्रकलाको सोह्रौँ भाग। |
| 13406 | कला | ना. | ९. सूर्यका प्रकाशको बाह्रौँ भाग। १०. अग्निमण्डलको दसौँ भाग। |
| 13407 | कला | ना. | ११. छल। |
| 13408 | कला | ना. | १२. राशिको तिसौँ भागको साठियौँ भागको पनि साठियौँ भाग। |
| 13409 | कला | ना. | १३. अनुभव तथा ज्ञानका आधारमा सम्बद्ध सिद्धान्तलाई ध्यानमा राख्तै कुनै काम नियमित रूपमा गर्ने वा कृति प्रस्तुत गर्ने कौशल। |
| 13410 | कला | ना. | १४. मानिसको जीवननिर्वाह तथा उच्च कोटिको ज्ञानप्राप्तिका निम्ति योग्य बनाउने अध्ययन तथा अनुशीलनको एक अङ्ग वा महत्त्वपूर्ण क्षेत्र ( तुल. अङ्. आर्टस्)। |
| 13411 | कला | ना. | १५. वास्तु वा मूर्तिकलामा दुई मात्रा बराबरको नाप; दुई अङ्गुल बराबरको परिमाण। |
| 13412 | कलाकार | वि. | १. कुनै कलाको ज्ञाता; वास्तु, मूर्ति, चित्र, सङ्गीत आदि कुनै कलाकृतिको निर्माण गर्ने; कलापूर्ण काम गर्ने। ना. |
| 13413 | कलाकार | वि. | २. कुनै पनि कलापूर्ण काम गर्ने वा कलात्मक सिप देखाउने व्यक्ति (साहित्यकार, सङ्गीतकार, मूर्तिकार, शिल्पकार, नृत्यकार, अभिनेता इ.)। |
| 13414 | कलाकारिता | ना. | कलापूर्ण ढङ्गले सजाउने काम; रङ्गरोगन भरेर सिँगारपटार गर्ने प्रविधि। (उदा.- पाटनको कृष्णमन्दिरमा मल्लकालीन कलाकारिताको राम्रो नमुना देखिन्छ )। |
| 13415 | कलाकुशल | वि. | कलाका विषयमा पोख्त; कलामा निपुण। |
| 13416 | कलाकृति | ना. | कलाकारद्वारा निर्मित रचना, कालिगडीको शिल्प, कलाकारका चित्र। |
| 13417 | कलाकौशल | ना. | १. कलाक्षेत्रमा प्राप्त गरेको सिप; कलामा निपुणता। |
| 13418 | कलाकौशल | ना. | २. कालिगडी; सिप; शिल्प। |
| 13419 | कलाजीवी | वि. | कलाका क्षेत्रमा काम गरेर जीविका चलाउने; आफ्नै सिपबाट आर्जेको सम्पत्तिले जीवननिर्वाह गर्ने। |
| 13420 | कलात्मक | वि. | कलापूर्ण ढङ्गले सजाइएको; कालिगडी भरिएको; आकर्षक। |
| 13421 | कलात्मकता | ना. | कलात्मक हुनुको भाव, गुण वा अवस्था। |
| 13422 | कलाधर | ना. | १. चन्द्रमा। |
| 13423 | कलाधर | ना. | २. महादेव; शिव। |
| 13424 | कलाधर | ना. | ३. कलाविशेषज्ञ, कलाविद्। |
| 13425 | कलानिधि | ना. | चन्द्रमा। |
| 13426 | कलाप | ना. | १. धेरै परिमाण; रास; समूह; थुप्रो। |
| 13427 | कलाप | ना. | २. मुजुरको पुच्छर। |
| 13428 | कलाप | ना. | ३. बिटो; मुठो। |
| 13429 | कलाप | ना. | ४. धनु। |
| 13430 | कलाप | ना. | ५. कात्यायनद्वारा प्रणीत व्याकरणको नाम। |
| 13431 | कलापिनी | ना. | रात; रात्रि। |
| 13432 | कलापी | ना. | १. मुजुर। |
| 13433 | कलापी | ना. | २. कोइली। वि. |
| 13434 | कलापी | ना. | ३. कालप व्याकरण पढ्ने। |
| 13435 | कलापी | ना. | ४. बथानमा बस्ने। |
| 13436 | कलाबत्तु | ना. | रेसमका डोरामा बेरिएको सुनौला र रूपौला झिनो तार। |
| 13437 | कलामर्मज्ञ | वि. | १. कुनै वस्तुको सौन्दर्यबारे राम्रो पारख गर्ने; कलाको भित्री मर्म चिन्ने। |
| 13438 | कलामर्मज्ञ | वि. | २. कलाकार। |
| 13439 | कलावन्त | वि. | कला जान्ने; कलाकार। |
| 13440 | कलावान्/कलाविद् | वि. | कलाको ज्ञाता; कलाकार। |
| 13441 | कलास्नातक | ना. | साहित्य, सङ्गीत आदि ललित कलाको स्नातक; तत्सम्बन्धी तह, डिग्री वा उपाधि (बी. ए.)। |
| 13442 | कलास्नातकोत्तर | ना. | कलास्नातकभन्दा उपल्लो तह, डिग्री वा उपाधि (एम. ए.)। |
| 13443 | कलि | ना. | १. सत्य, त्रेता, द्वापर र कलि चारयुगमध्ये पछिल्लो युग; वर्तमान युग। |
| 13444 | कलि | ना. | २. आपसको द्वेषपूर्ण भनाभन; झगडा; कलह। |
| 13445 | कलि | ना. | ३. पाप। |
| 13446 | कलि | ना. | ४. दुःख, क्लेश। |
| 13447 | कलि | ना. | ५. युद्ध, सङ्ग्राम। |
| 13448 | कलि | ना. | ६. फक्रनुभन्दा पहिलो अवस्थाको फूल; कोपिला। |
| 13449 | कलिकर्म | ना. | १. परस्परमा कलह पार्ने वा बझाउने काम। |
| 13450 | कलिकर्म | ना. | २. लडाइँ; झगडा, युद्ध। |