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| 11701 | ऊर्ध्ववायु | ना. | डकार । | |
| 11702 | ऊर्ध्वश्वास | ना. | मर्ने बेलामा वेगसँग बढेको सास; आखिरी अवस्थाको सास। | |
| 11703 | ऊर्मि | ना. | १. नदी, समुद्र आदिमा हावा आदिले ल्याउने छाल; लहर; तरङ्ग । | |
| 11704 | ऊर्मि | ना. | २. दुःख; पीडा । | |
| 11705 | ऊर्मिल | वि. | लहर उठेको; छाल उठेको; तरङ्गि। | |
| 11706 | ऊषर | ना. | हे. ऊसर । | |
| 11707 | ऊषा | ना. | हे. उषा । | |
| 11708 | ऊष्म | ना. | १. तातोपना; गर्मी; उष्णता । | |
| 11709 | ऊष्म | ना. | वि. २. गरम; तातो; उष्ण (वस्तु आदि) । | |
| 11710 | ऊष्मवर्ण | ना. | उच्चारण गर्दा बढ्ता श्वास खर्च गर्नुपर्ने श, ष, स, ह- यी चार वर्ण । | |
| 11711 | ऊष्मा | ना. | १. ज्यादै गर्मी हुने समय; ग्रीष्म ऋतु; गर्मीको याम। | |
| 11712 | ऊष्मा | ना. | २. तातोपना; ताप; गर्मी । | |
| 11713 | ऊष्मा | ना. | ३. तातो पानीबाट धुवाँका रूपमा निस्कने जलकणको समूह; बाफ; भाप । | |
| 11714 | ऊष्मीभवन | ना. | कुनै ध्वनि ऊष्मध्वनिमा परिवर्तित हुने प्रक्रिया । | |
| 11715 | ऊष्मीभूत | वि. | पृष्ठध्वनिमा घर्षण उत्पन्न भएर सास छिर्न पाउँदा उच्चरित हुने (व्यञ्जन); घृष्ट; सङ्घर्षी (व्यञ्जन)। | |
| 11716 | ऊसर | ना. | हे. उसर । | |
| 11717 | ऊह | ना. | १. कुनै वस्तु वा विषयका सम्बन्धमा गरिने तर्क; विचार । | |
| 11718 | ऊह | ना. | २. अनुमान; अन्दाज । | |
| 11719 | ऊहापोह | ना. | मनमा उठ्ने अनेक प्रकारका तर्कवितर्क वा सोचविचार । | |
| 11720 | ॠ | देवनागरी वर्णमालाको स्वरवर्णमध्ये सातौँ स्वरवर्ण; परम्परागत रूपमा मूर्द्धास्थानबाट उच्चारण हुने, ह्रस्व स्वरवर्ण मानिएको र नेपाली भाषामा 'रि' का रूपमा उच्चारण गरिने वर्ण; लेख्य रूपमा सो स्वरवर्णको प्रतिनिधित्व गर्ने लिपिचिह्न । | ||
| 11721 | ॠक् | ना. | १. पद्यमा लेखिएको वेदमन्त्र; ॠचा । | |
| 11722 | ॠक् | ना. | २. चार वेदमध्ये पहिलो वेद; ॠग्वेद । | |
| 11723 | ॠकार | ना. | १. 'ॠ ' अक्षर। | |
| 11724 | ॠकार | ना. | २. व्यञ्जनवर्णमा ॠस्वर जोड्दा दिइने चिह्न (ृ) । | |
| 11725 | ॠक्ष | ना. | १. नक्षत्र; तारा। | |
| 11726 | ॠक्ष | ना. | २. भालु। | |
| 11727 | ॠक्षपति | १. चन्द्रमा । | ||
| 11728 | ॠक्षपति | २. रामको सेनापतिका रूपमा काम गर्ने रामायणप्रसिद्ध भालु; जाम्बवान् । | ||
| 11729 | ॠग्वेद | ना. | चार वेदमध्ये पहिलो वेद; वेदको पद्यसंहिता । | |
| 11730 | ॠग्वेदी | वि. | १. ॠग्वेदको ज्ञाता । | |
| 11731 | ॠग्वेदी | वि. | २. ॠग्वेद पाठ गर्ने वा ॠग्वेदको अनुयायी । | |
| 11732 | ॠग्वेदी | वि. | ३. ॠग्वेदका मन्त्रहरूद्वारा संस्कार गरिने (ब्राह्मण) । | |
| 11733 | ॠचा | ना. | पद्यमा लेखिएको वैदिक मन्त्र; वेदको पद्यसंहिता; कण्डिका । | |
| 11734 | ॠजु | वि. | १. बाङ्गो वा टेढो नभएको; सोझो; सरल। | |
| 11735 | ॠजु | वि. | २. छल, प्रपञ्च नभएको; सिधासाधा; सज्जन । | |
| 11736 | ॠजु | वि. | ३. अनुकूल । | |
| 11737 | ॠजुता | ना. | १. ॠजु हुनाको भाव वा अवस्था; सोझोपना; सरलता; साधुता । | |
| 11738 | ॠजुता | ना. | २. सौजन्य । | |
| 11739 | ॠजुता | ना. | ३. सरल स्वभाव वा प्रवृत्ति । | |
| 11740 | ॠण | ना. | पछि फिर्ता दिनेलिने सर्तमा अरूसँग लिइएको वा अरुलाई दिइएको धन; कर्जा; सापट; रिन । | |
| 11741 | ॠणकर्ता | वि. | १. ऋण काढ्ने वा ऋण लिने । | |
| 11742 | ॠणकर्ता | वि. | ना. २. ॠण लिने मान्छे; असामी । | |
| 11743 | ॠणग्राही | वि. | अर्काबाट ॠण लिने; रिनमा डुबेको; ॠणी; असामी । | |
| 11744 | ॠणदाता | वि. | कसैलाई ॠण दिने; कर्जा दिने; साहु । | |
| 11745 | ॠणपत्र | ना. | १. असामीले ॠण लिएको प्रमाणस्वरूप साहुलाई लेखिदिने कागत; तमसुक । | |
| 11746 | ॠणपत्र | ना. | २. राष्ट्र ब्याङ्कद्वारा निर्धारित समयमा साँवाब्याज फर्काउने गरी समय समयमा जारी गरिने वा खरिदबिक्री हुने विभिन्न रकमको पत्र । | |
| 11747 | ॠणमुक्त | वि. | लिएको ॠण तिरिसकेको; ॠणबाट छुटकारा पाएको; अॠणी । | |
| 11748 | ॠणमुक्ति / मोचन | ना. | ॠणबाट मुक्त हुने काम; ॠण तिरिसकेको अवस्था; रिनबाट छुटकारा । | |
| 11749 | ॠणसीमा | ना. | किसानहरूलाई ॠण दिँदा लागत र उत्पादनका आधारमा सुहाउँदो गरी तोकिएको ॠणको अवधि; रिन फर्काउने भाका वा म्याद । | |
| 11750 | ॠणात्मक | वि. | ॠणका रूपमा लिइएको; ॠणरूप। |